चमोली: आगामी चारधाम यात्रा 2026 को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए चमोली जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। जिलाधिकारी गौरव कुमार के निर्देशों पर यात्रा मार्ग से लेकर मूलभूत सुविधाओं तक सभी व्यवस्थाओं को युद्धस्तर पर दुरुस्त किया जा रहा है।
यात्रा मार्ग पर सुचारू यातायात सुनिश्चित करने के साथ-साथ पेयजल, विद्युत, शौचालय, पार्किंग और अन्य यात्री सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है। बदरीनाथ हाईवे के क्षतिग्रस्त हिस्सों का राष्ट्रीय राजमार्ग एवं अवसंरचना विकास निगम (NHIDCL) द्वारा तेजी से सुधारीकरण किया जा रहा है, जबकि अन्य व्यवस्थाओं को संबंधित विभागों द्वारा चाक-चौबंद किया जा रहा है।
भूस्खलन की दृष्टि से संवेदनशील कमेड़ा, नंदप्रयाग, भनेरपानी, पागलनाला और बेलाकूची जैसे जोनों में विशेष फोकस के साथ कार्य चल रहा है। यहां हाईवे चौड़ीकरण के साथ हिल साइड सुरक्षा कार्य भी तेज़ी से किए जा रहे हैं। अधिकारियों का दावा है कि यात्रा शुरू होने से पहले सभी कार्य पूर्ण कर लिए जाएंगे।
यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए बदरीनाथ हाईवे पर 48 स्थाई और 16 अस्थाई शौचालयों का निर्माण किया गया है। इसके अलावा नगर पालिकाओं और पंचायतों द्वारा भी स्थानीय स्तर पर शौचालयों की व्यवस्था की गई है। पार्किंग की समस्या से निपटने के लिए गोपेश्वर और चमोली में जिला विकास प्राधिकरण द्वारा पार्किंग स्थल विकसित किए जा रहे हैं, जबकि पूरे यात्रा मार्ग पर 30 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। साथ ही कई वैकल्पिक पार्किंग स्थलों का भी चयन किया गया है।
पेयजल व्यवस्था भी दुरुस्त
पीपलकोटी से जोशीमठ तक जल संस्थान द्वारा पेयजल के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। यात्रा मार्ग पर 9 टीटीएसपी, 9 पीटीएसपी, 17 हैंडपंप, 3 वाटर एटीएम और 2 आरओ प्लांट स्थापित किए गए हैं, साथ ही हॉट गीजर प्याऊ की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है।
शौचालयों की व्यापक व्यवस्था
चारधाम यात्रा के दौरान स्वच्छता को प्राथमिकता देते हुए पीपलकोटी से ज्योतिर्मठ तक विभिन्न स्थानों पर कुल 101 शौचालय सीटों की व्यवस्था की गई है। इनमें 54 सीटें महिलाओं और 47 पुरुषों के लिए निर्धारित हैं। गरुड़गंगा, पनाई गाड़, टंगणी, पागल नाला और पातालगंगा जैसे प्रमुख स्थानों पर स्टील फ्रेम शौचालय स्थापित किए गए हैं, जबकि पीपलकोटी, हेलंग और ज्योतिर्मठ क्षेत्र में सुलभ शौचालय बनाए गए हैं।
कुल मिलाकर, चमोली प्रशासन चारधाम यात्रा 2026 को लेकर किसी भी प्रकार की कमी नहीं छोड़ना चाहता और यात्रियों को बेहतर, सुरक्षित और सुविधाजनक अनुभव देने के लिए हर स्तर पर तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
